10 लाख लोगों को मिलेगा सीधा लाभ, प्रभात चौराहे के वर्षों पुराने ट्रैफिक जाम से मिलेगी राहत
PWD अधिकारियों की लगाई फटकार, निर्माण कार्य युद्धस्तर पर पूरा करने और 7 दिन में सर्विस रोड दुरुस्त करने के निर्देश
भोपाल।
राजधानी भोपाल के सबसे व्यस्त यातायात मार्गों में शामिल प्रभात चौराहा (काली मंदिर पुलिया) पर बन रहे डबल-डेकर फ्लाईओवर की निर्माण गति धीमी होने और परियोजना की लागत में भारी बढ़ोतरी को लेकर सहकारिता, खेल एवं युवा कल्याण मंत्री विश्वास कैलाश सारंग ने लोक निर्माण विभाग (PWD) के अधिकारियों की कड़ी समीक्षा की। उन्होंने परियोजना में बरती गई लापरवाही पर गहरा असंतोष जताते हुए निर्माण कार्य को युद्धस्तर पर पूरा करने के निर्देश दिए।
44 करोड़ से बढ़कर 72 करोड़ पहुंची परियोजना लागत
करीब 650 मीटर लंबे इस डबल-डेकर फ्लाईओवर का निर्माण प्रभात चौराहे से लाला लाजपत राय कॉलोनी तक किया जा रहा है। इस महत्वाकांक्षी परियोजना को वर्ष 2022 में मंजूरी मिली थी, जबकि निर्माण कार्य 2023-24 में शुरू हुआ।
निर्माण के दौरान मेट्रो परियोजना और लोक निर्माण विभाग के बीच पेयजल एवं सीवरेज लाइन शिफ्टिंग को लेकर समन्वय की कमी और प्रशासनिक विवाद के कारण काम लंबे समय तक प्रभावित रहा। समय पर समाधान नहीं होने से परियोजना की प्रगति रुक गई और इसकी लागत 44 करोड़ रुपये से बढ़कर करीब 72 करोड़ रुपये हो गई।
वर्ष 2025 में संशोधित लागत की मंजूरी के लिए फाइल प्रशासनिक स्तर पर भेजी गई, लेकिन लंबे समय तक लंबित रहने से परियोजना और विलंबित होती गई।
जनहित के कार्यों में लापरवाही बर्दाश्त नहीं
स्थिति को गंभीर मानते हुए मंत्री विश्वास सारंग ने विभागीय अधिकारियों को स्पष्ट शब्दों में चेतावनी दी कि जनता से जुड़े विकास कार्यों में किसी भी तरह की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी। उन्होंने सभी तकनीकी और प्रशासनिक अड़चनों को तत्काल दूर कर निर्माण कार्य में तेजी लाने के निर्देश दिए।
7 दिन में सर्विस रोड सुधारने के निर्देश
बैठक में मंत्री ने फ्लाईओवर निर्माण स्थल के आसपास की सभी सर्विस रोड को अगले सात दिनों के भीतर दुरुस्त करने के निर्देश भी दिए। उनका कहना था कि निर्माण कार्य के दौरान नागरिकों को कम से कम असुविधा हो और यातायात सुचारु बना रहे।
फ्लाईओवर बनने से प्रभात चौराहे पर जाम से मिलेगी राहत
डबल-डेकर फ्लाईओवर के पूरा होने के बाद प्रभात चौराहे पर वर्षों से लगने वाले भीषण ट्रैफिक जाम से बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है। विशेष रूप से भोपाल रेलवे स्टेशन आने-जाने वाले यात्रियों, कार्यालय कर्मियों, विद्यार्थियों, व्यापारियों और आम नागरिकों का सफर अधिक आसान और तेज हो जाएगा।
वर्तमान में इस मार्ग पर प्रतिदिन भारी यातायात का दबाव रहता है, जिससे लोगों को लंबे समय तक जाम का सामना करना पड़ता है। फ्लाईओवर शुरू होने के बाद यात्रा का समय घटेगा, ईंधन की बचत होगी, प्रदूषण कम होगा और राजधानी की यातायात व्यवस्था अधिक सुगम बनेगी।
मंत्री विश्वास सारंग ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि परियोजना को तय समय-सीमा में गुणवत्तापूर्ण ढंग से पूरा किया जाए और भविष्य में जनहित से जुड़े किसी भी विकास कार्य में लापरवाही नहीं होनी चाहिए।



